आँखे मेरी नम हो गए है
क्योकि तुझसे नजदिकिया कम हो गए
बातो के सिलसिले तो नाजाने कहा गुम़ हो गए
पता नहीं गलती किसकी है
वक्त बुरा या बुरे हम हो गए
अब तो बस इतना मालूम है हमें
तेरे बिना अधुरे हम हो गए........................
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